Qismat Shayari - Fate, destiny, aur likhi hui kahaniyon ki shayari

Qismat shayari beautifully expresses the idea of fate, destiny, and the unseen forces shaping our lives. Whether it’s about love, success, or heartbreak, these verses reflect how much of life feels written beforehand. Explore heartfelt lines that capture the mystery of taqdeer and the journey we all follow.

What is qismat shayari?

Qismat shayari is a form of poetry that reflects on fate, destiny, and the role of taqdeer in shaping life events, emotions, and relationships.

Qismat Shayari in Hindi

Explore heartfelt qismat shayari in Hindi that reflects destiny, naseeb, and life’s written paths.

हम मेहनतकश इस दुनिया से जब अपना हिस्सा माँगेंगे इक बाग़ नहीं, इक खेत नहीं, हम सारी दुनिया माँगेंगे — Faiz Ahmad Faiz
आप कहते थे कि रोने से न बदलेंगे नसीब उम्र भर आप की इस बात ने रोने न दिया — Sudarshan Fakir
मैं ने मेहनत से हथेली पे लकीरें खींचीं वो जिन्हें कातिब-ए-तक़दीर नहीं खींच सका — Umair Najmi
खो दिया तुम को तो हम पूछते फिरते हैं यही जिस की तक़दीर बिगड़ जाए वो करता क्या है — Firaq Gorakhpuri
बी.ए भी पास हों मिले बी-बी भी दिल-पसंद मेहनत की है वो बात ये क़िस्मत की बात है — Akbar Allahabadi
अपनी क़िस्मत में सभी कुछ था मगर फूल ना थे तुम अगर फूल ना होते तो हमारे होते — Ashfaq Nasir
इस ज़िन्दगी में इतनी फ़राग़त किसे नसीब इतना न याद आ कि तुझे भूल जाएँ हम — Ahmad Faraz
सितारे कुछ बताते हैं नतीजा कुछ निकलता है बड़ी हैरत में हैं मेरा मुक़द्दर देखने वाले — Madan Mohan Danish
हर घड़ी ख़ुद से उलझना है मुक़द्दर मेरा मैं ही कश्ती हूँ मुझी में है समुंदर मेरा — Nida Fazli
जो मिल गया उसी को मुक़द्दर समझ लिया जो खो गया मैं उस को भुलाता चला गया — Sahir Ludhianvi
गर डूबना ही अपना मुक़द्दर है तो सुनो डूबेंगे हम ज़रूर मगर नाख़ुदा के साथ — Kaifi Azmi

If you enjoy reflections on life, explore zindagi shayari for deeper meaning.

Qismat Shayari on Life

Shayari that captures how qismat shapes life journeys, struggles, and unexpected turns.

हुस्न को भी कहाँ नसीब 'जिगर' वो जो इक शय मिरी निगाह में है — Jigar Moradabadi
मैं अब तेरे सिवा किस को पुकारूँ मुक़द्दर सो गया ग़म जागता है — Asad Bhopali
कभी मैं अपने हाथों की लकीरों से नहीं उलझा मुझे मालूम है क़िस्मत का लिक्खा भी बदलता है — Bashir Badr
जुदा किसी से किसी का ग़रज़ हबीब न हो ये दाग़ वो है कि दुश्मन को भी नसीब न हो — Nazeer Akbarabadi
शायद अगली इक कोशिश तक़दीर बदल दे ज़हर तो जब जी चाहे खाया जा सकता है — Siraj Faisal Khan
तदबीर के दस्त-ए-रंगीं से तक़दीर दरख़्शाँ होती है क़ुदरत भी मदद फ़रमाती है जब कोशिश-ए-इंसाँ होती है — Hafeez Banarasi
ये किस ने कहा है मिरी तक़दीर बना दे आ अपने ही हाथों से मिटाने के लिए आ — Hasrat Jaipuri
किसी ने अपने मुक़द्दर का रोना रोते हुए किसी के कार्ड के बोसे सँभल-सँभल के लिए — Shadab Javed
कहीं गुलाल के हिस्से में कोई गाल नहीं कहीं पे गाल की तक़दीर में गुलाल नहीं — Harman Dinesh

You can also read waqt shayari to understand how time influences destiny.

Qismat Shayari on Love

Romantic and emotional lines about how qismat decides love, relationships, and connections.

ख़्वाहिश सब रखते हैं तुझ को पाने की और फिर अपनी अपनी क़िस्मत होती है — Bhaskar Shukla
जीत हूँ जश्न-ए-मुक़द्दर हूँ मैं ठीक से देख सिकंदर हूँ मैं — Ritesh Rajwada
ऐसी हैं क़ुर्बतें के मुझी में बसा है वो ऐसे हैं फ़ासले के नहीं राब्ता नसीब — Afzal Ali Afzal
जो अपना हिस्सा भी औरों में बाँट देता है इक ऐसे शख़्स के हिस्से में आ गए थे हम — Ismail Raaz
कुछ एक की हम जैसी क़िस्मत होती है बाकी सब की अच्छी क़िस्मत होती है — Bhaskar Shukla
बच गया है जो तेरा थोड़ा सा हिस्सा मुझ में अब तलक मुझ को किसी का नहीं होने देता — Khan Janbaz
मोहब्बत अपनी क़िस्मत में नहीं है इबादत से गुज़ारा कर रहे है — Fahmi Badayuni

For deeper emotions in love, explore mohabbat shayari as well.

Qismat Shayari with Meaning

Meaningful qismat shayari that explains destiny and life’s hidden messages in simple words.

परिंद पेड़ से परवाज़ करते जाते हैं कि बस्तियों का मुक़द्दर बदलता जाता है — Asad Badayuni
अपनी क़िस्मत में सभी कुछ था मगर फूल न थे तुम अगर फूल न होते तो हमारे होते — Ashfaq Nasir
तुम सितारों के भरोसे पे न बैठे रहना अपनी तदबीर से तक़दीर बनाते जाओ — Sada Ambalvi
काश तू सब याद रखती और मैं सब भूल जाता हाँ मगर ऐसा न होना भी तो क़िस्मत थी हमारी — shaan manral
अपनी कि़स्मत में ही जब इश्क़ नहीं है यारो किसलिए अश्क-ए-लहू इश्क़ में जाया करना — Ajeetendra Aazi Tamaam
इसी होनी को तो क़िस्मत का लिखा कहते हैं जीतने का जहाँ मौक़ा था वहीं मात हुई — Manzar Bhopali
किसी को साल-ए-नौ की क्या मुबारकबाद दी जाए कैलन्डर के बदलने से मुक़द्दर कब बदलता है — Aitbar Sajid
मिलने की तरह मुझ सेे वो पल भर नहीं मिलता दिल उस से मिला जिस सेे मुक़द्दर नहीं मिलता — Naseer Turabi
कभी पत्थर मुक़द्दर लिख नहीं सकता मगर समझो जिसे पत्थर में ढूँढो हो तुम्हारे पास ही तो है — Tanha
जिन की दर्द-भरी बातों से एक ज़माना राम हुआ 'क़ासिर' ऐसे फ़न-कारों की क़िस्मत में बन-बास रहा — Ghulam Mohammad Qasir

If you like thoughtful lines, check out ehsaas shayari for expressive feelings.

Qismat Shayari on Success and Failure

Lines reflecting how qismat influences success, failure, and the journey toward goals.

फिर एक रोज़ मुक़द्दर से हार मानी गई ज़बीन चूम के बोला गया "ख़ुदा हाफ़िज़" — Afkar Alvi
घर से निकले हुए बेटों का मुक़द्दर मालूम माँ के क़दमों में भी जन्नत नहीं मिलने वाली — Iftikhar Arif
उदासी जैसे कि उस के बदन का हिस्सा है अधूरा लगता है वो शख़्स अगर उदास न हो — Vikram Sharma
किसी किसी को नसीब हैं ये उदासियाँ भी किसी को ये भी बता न पाए उदास लड़के — Vikas Sahaj
पलटा दे तक़दीर हमारी आ कर माथा चूम हमारा — Siddharth Saaz
इतने कहाँ नसीब कि इस सेे प्यास बुझाएँ खेल करें दरिया हम जैसों को अपने पास बिठा ले काफ़ी है — Vashu Pandey

For motivation beyond destiny, read motivational shayari for inspiration.

2 Line Qismat Shayari

Short and impactful 2 line qismat shayari perfect for quick emotional expression.

मुझ को बदन नसीब था पर रूह के बग़ैर उस ने दिया भी फूल तो ख़ुशबू निकाल कर — Ankit Maurya
मेरी क़िस्मत कि ये दुनिया मुझे पहचानती है लोग मर जाते हैं पहचान बनाने के लिए — Nadeem Farrukh
ज़िंदगी में आई वो जैसे मेरी तक़दीर हो और उसी तक़दीर से फिर चोट खाना याद है — Rohit tewatia 'Ishq'
किसी के तुम हो किसी का ख़ुदा है दुनिया में मेरे नसीब में तुम भी नहीं ख़ुदा भी नहीं — Akhtar Saeed Khan
मिलना था इत्तिफ़ाक़ बिछड़ना नसीब था वो उतनी दूर हो गया जितना क़रीब था — Anjum Rehbar
गर ये अच्छी क़िस्मत है तो लानत ऐसी क़िस्मत पर अपने फोन में देख रहे हैं, बाप को बूढ़ा होते हम — Siddharth Saaz
मेरी तक़दीर में जलना है तो जल जाऊँगा तेरा वा'दा तो नहीं हूँ जो बदल जाऊँगा — Sahir Ludhianvi
वो मेरी दुनिया का हिस्सा थी मेरी दुनिया नहीं इक शजर कटने से वन वीरान हो जाएगा क्या — Balmohan Pandey
मैं उन्हीं आबादियों में जी रहा होता कहीं तुम अगर हँसते नहीं उस दिन मेरी तक़दीर पर — Zia Mazkoor
नया लिबास भी पहनो तो इस तरह पहनो जिन्हें नसीब नहीं है उन्हें नया न लगे — Javed Saba

Short Qismat Shayari

Concise qismat shayari that delivers deep meaning in just a few words.

पाना या खोना तो उसे क़िस्मत की बात थी हम को तो दिल लगाने का हक़ भी न मिल सका — Harsh saxena
ज़िन्दगी का मुक़द्दर सफ़र-दर-सफ़र आख़िरी साँस तक बे-क़रार आदमी — Nida Fazli
मौत ही आप के बीमार की क़िस्मत में न थी वर्ना कब ज़हर का मुमकिन था दवा हो जाना — Ahsan Marahravi
राह खुलती नहीं दर बंद हुआ जाता है मुझ से आगे मेरी क़िस्मत का लिखा जाता है — Amir Hamza Saqib
तू जो मिल जाए तो तक़दीर निगूँ हो जाए यूँँ न था मैं ने फ़क़त चाहा था यूँँ हो जाए — Faiz Ahmad Faiz
बस यूँँ ही दिल को तवक़्क़ो' सी है तुझ से वर्ना जानता हूँ कि मुक़द्दर है मेरा तन्हाई — Nasir Kazmi

Qismat Shayari for Status

Perfect qismat shayari lines for WhatsApp status to express your thoughts on destiny.

हँस हँस के जवाँ दिल के हम क्यूँँ न चुनें टुकड़े हर शख़्स की क़िस्मत में इनआ'म नहीं होता — Meena Kumari Naaz
फिर वही रात वही चाँद वही तुम वही मैं क्या किसी छत के मुक़द्दर में लिखे जाएँगे — Vibha Jain 'Khwaab'
मुझ को डोली में बिठा डर के हवाले कर दे मेरी माँ मुझ को मुक़द्दर के हवाले कर दे — Rehana Qamar
फ़रिश्ते फ़ुर्सत में बैठ कर लिखते हैं किसी का ख़राब होना हर अंगूर की किस्मत में नहीं होता है शराब होना — Murli Dhakad
दुआ करूँ कौन सी, ख़ुदा हो सके मिरे पास, कह दो ना गुनाह वो कौन सा न कर दूँ, नसीब जन्नत मुझे होगी — Zain Aalamgir
सबकी क़िस्मत ही अच्छी थोड़ी होती है सबकी क़िस्मत में हीरे थोड़ी होते हैं — Pawan
फ़क़ीरी से किस्मत न बदले अगर कुदालों से अपना तू कासा बदल — Aarush Sarkaar
मैं ने ख़ुद को बहलाने की इक तरकीब लगाई है जो भी मुझ को न मिल पाया, उस को तक़दीर बताई है — BR SUDHAKAR

Qismat Captions for Instagram

Creative and relatable qismat captions to share your feelings about fate on Instagram.

मुक़द्दर ने उसी से दूर कर डाला कि जो सब सेे ज़ियादा हम को प्यारा था — karan singh rajput
मुआमला था महज़ मुक़द्दर का मेरा महबूब निकला पत्थर का — Ashraf Ali
तेरी आँखों को देखा तो एहसास हुआ ये आँखें भी तहज़ीब का हिस्सा होती हैं — Ramnath Shodharthi
वहम होता है कि छूने से सँवर जाएँगी सोचता हूँ जो मुक़द्दर मिरा ज़ुल्फ़ें तेरी — Neeraj Neer
हमारे जैसी फूटी हो न क़िस्मत इन रक़ीबों की जगह चेहरे के हमनें रोज़ इक तस्वीर देखी है — Shivraj Singh Gurjar
नया दिन कोई आएगा तेरी इस ज़िन्दगी में भी 'करन' कब तक रुलायेगी तेरी किस्मत तुझे ऐसे — karan singh rajput
कुछ लोग ऐसे भी हैं जिन्हें कुछ नहीं नसीब तुम ख़ुश नसीब हो कि तुम्हें कुछ नसीब है — Ramnath Shodharthi
ये हक़ीक़त और ये उम्मीद, यकसाँ क्यूँ नहीं है मुफ़लिसी जब हो मुक़द्दर, चल रही साँसे सज़ा हो — Zain Aalamgir
दिल दे दिया है हमनें किसी और को मगर दिल से तुम्हारी याद का हिस्सा नहीं गया — Dipendra Singh 'Raaz'

FAQs

Yes, qismat shayari is commonly used as WhatsApp status to express thoughts about destiny, life struggles, or unexpected outcomes.
Qismat shayari focuses on destiny and what is written in life, while waqt shayari highlights the importance of time and how it changes situations.
No, qismat shayari can express both hope and disappointment. It can talk about blessings, success, or the unpredictability of life.
Yes, many qismat shayari lines explore love and how relationships are influenced by fate, bringing people together or keeping them apart.
Qismat shayari is mainly written in Hindi and Urdu, but it is also available in English and Hinglish formats for wider audiences.
People connect with qismat shayari because it reflects real-life experiences where outcomes feel beyond control, making it emotionally relatable.